औरंगाबाद

मना करने पर जब नही माना तो भाइयों ने बहन के प्रेमी का कुल्हाड़ी से किया काम तमाम

औरंगाबाद।मदनपुर थाना क्षेत्र के निगीडीह गांव में दो भाइयों ने अपने बहन के प्रेमी की कुल्हाड़ी से हत्या काम तमाम कर उसके शव को नहर में फेंक दिया।लेकिन पुलिस ने अनुसंधान कर उन्हे गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया। सोमवार की शाम समाहरणालय स्थित कार्यालय में एक प्रेसवार्ता आयोजित कर एसडीपीओ मो अमानुल्लाह खान ने इसकी जानकारी दी है।

एसडीपीओ ने बताया कि 27 नवंबर की सुबह 7 बजे यह सूचना प्राप्त हुई थी कि मदनपुर थाना क्षेत्र के लोहसी टोले मुर्गी बीघा के पास उत्तर कोयल नहर के उत्तरी चाट पर एक शव पड़ा हुआ है। सूचना का सत्यापन हेतु तत्काल थानाध्यक्ष मदनपुर घटनास्थल पहुंचे और एक अज्ञात व्यक्ति का शव जिसकी उम्र 32 वर्ष थी पाया।

उक्त शव को देखने पर प्रथमदृष्टया हत्या का मामला पाया गया। परंतु शव की पहचान नहीं हो पाई थी। तत्पश्चात थानाध्यक्ष द्वारा उक्त शव का पोस्टमार्टम कराया गया और उसे पहचान हेतु 72 घंटा के लिए सुरक्षित रखा गया। थानाध्यक्ष द्वारा पहचान के लिए प्रचार प्रसार भी कराया गया। तत्पश्चात 28 नवंबर की प्रातः शव की पहचान मदनपुर थाना क्षेत्र के ही छालीदोहर गांव निवासी तेज नारायण यादव के पुत्र महेंद्र यादव के रूप में की गई।

उसके बाद परिजनों के लिखित आवेदन के आधार पर पांच नामजद अभियुक्त के विरुद्ध मदनपुर थाने में कांड दर्ज की गई। कांड दर्ज होने के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देशन एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर के नेतृत्व में घटना की तकनीकी एवं मानवीय अनुसंधान कर कांड का उद्भेदन करते हुए 3 दिसंबर को इस कांड में लिप्त पांच अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया गया तथा हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी को अभियुक्त कुंदन समीर की निशानदेही पर घटनास्थल के समीप उत्तर कोयल नहर स्थित पानी के नीचे से बरामद किया गया।

एसडीपीओ ने बताया कि अनुसंधान के क्रम में यह तथ्य सामने आया कि मृतक महेंद्र यादव अभियुक्त कुंदन उर्फ समीर सिंह भोक्ता की बहन से बातचीत किया करता था इसी क्रम में अभियुक्तों के द्वारा लड़की के माध्यम से कॉल करवाकर महेंद्र यादव को ग्राम निगीडीह बुलाकर घटना को अंजाम दिया गया तथा उसे मोटरसाइकिल से ले जाकर उत्तर कोयल नहर के चाट में फेंक दिया गया।

गिरफ्तार अभियुक्तों में निगिडीह निवासी दुखी सिंह भोक्ता का पुत्र अनिल सिंह भोक्ता एवं कुंदन उर्फ समीर सिंह भोक्ता, आजाद बिगहा निवासी रामचंद्र रिकियासन का पुत्र सुनील रिकियासन, स्व रामचरण भुइयां का पुत्र राकेश रिकियासन तथा कनौदी गांव निवासी प्रमोद सिंह भोक्ता का पुत्र संदीप सिंह भोक्ता शामिल हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार कुंदन उर्फ समीर को जब यह पता चला कि महेंद्र का प्रेम प्रसंग उसकी बहन के साथ चल रहा है तो उसे यह बात बर्दास्त नही हुआ और उसने अपने बहन और महेंद्र को काफी समझाने की कोशिश की लेकिन जब कामयाब नही हो पाया तो अपने भाई और तीन साथियों के साथ मिलकर बहन को झांसे में रखकर महेंद्र को बुलवाया और प्लानिंग के तहत उसकी हत्या कर दी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

इसे भी पढ़ें

Back to top button

You cannot copy content of this page