औरंगाबाद

हीट वेब की तैयारी को लेकर डीएम ने की स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा

शहर में चल रहे अवैध क्लिनिक की जांच कर कार्रवाई का डीएम ने दिया निर्देश

औरंगाबाद। समाहरणालय के सभाकक्ष में मंगलवार को जिला पदाधिकारी सौरभ जोरवाल द्वारा स्वास्थ्य विभाग की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में समीक्षा के दौरान सर्वप्रथम हीटवेव/लू की तैयारियों से संबंधित समीक्षा की गई। बताया गया की सदर अस्पताल, अनुमंडलीय अस्पताल एवं सभी प्रखंडों के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में हीटवेव के मरीजों के लिए अलग वार्ड चिन्हित किए गए हैं। जिला पदाधिकारी द्वारा इन वार्डों के लिए डेडीकेटेड स्टाफ की प्रतिनियुक्ति करने का निर्देश दिया गया। इन वार्डों के समीप ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भी रखने का निर्देश जिला पदाधिकारी द्वारा दिया गया। साथ ही बताया गया कि इन वार्डो का निरीक्षण जिला स्तरीय पदाधिकारियों द्वारा कराया जाएगा।

 

इन वार्डों में गर्मी के मद्देनजर एसी इंस्टॉल करने हेतु सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा अनुरोध किया गया। जिला पदाधिकारी द्वारा सभी प्रखंडों में कुल मिलाकर 40 एयर कंडीशनर स्थापित करने हेतु कुल 15 लाख रुपए का आवंटन अविलंब उप आवंटित करने का निर्देश जिला नजारत उप समाहर्ता को दिया गया। प्रभारी पदाधिकारी, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जम्होर, रफीगंज एवं नवीनगर द्वारा वोल्टेज फ्लकचुएशन की शिकायत की गई। जिसके आलोक में कार्यपालक अभियंता, विद्युत विभाग को इस पर आवश्यक कार्रवाई करने हेतु जिला पदाधिकारी द्वारा निर्देश दिया गया।

 

इसके पश्चात कोविड टीकाकरण की समीक्षा के क्रम में बताया गया कि नवीनगर प्रखंड का टीकाकरण कवरेज काफी कम है, जिसके लिए बीएचएम, नबीनगर को फटकार लगाई गई एवं कोविड टीकाकरण में अपेक्षित प्रगति लाने का निर्देश दिया गया। शेष प्रखंडों में भी शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने का निर्देश जिला पदाधिकारी द्वारा दिया गया।

 

इसके पश्चात दाउदनगर अनुमंडल अस्पताल में जीविका दीदी की रसोई के निर्माण पर चर्चा की गई एवं बताया गया कि इसे जल्द पूर्ण करा लिया जाए। साथ ही दाउदनगर अस्पताल के कैदी वार्ड के खिड़की को अविलंब रिपेयर करने का निर्देश प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, दाउदनगर को दिया गया।

 

सदर अस्पताल के निर्माणाधीन मॉडल्स हॉस्पिटल की समीक्षा के क्रम में बताया गया कि मॉडल अस्पताल के किचन निर्माण का कार्य लगभग 1 वर्ष के अंदर पूर्ण कर लिया जाएगा।डीपीएम स्वास्थ्य, मनोज कुमार द्वारा बताया गया कि जम्होर में 100 बेड के हॉस्पिटल का निर्माण कार्य प्रारंभ हो गया है। जिला पदाधिकारी द्वारा बताया गया कि इस अस्पताल एवं निर्माणाधीन जीएनएम हॉस्टल का कुछ दिनों में निरीक्षण किया जाएगा। बताया गया कि अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, बारुण का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है एवं नबीनगर, अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के निर्माण का कार्य भी जल्द ही प्रारंभ कर दिया जाएगा।

 

डीपीएम स्वास्थ्य, मनोज कुमार द्वारा बताया गया कि जिले में कुल 64 एपीएचसी कार्यरत हैं, जिसमें सभी एपीएचसी में चिकित्सकों की प्रतिनियुक्ति राज्य द्वारा की गई है परंतु कुछ ही एपीएचसी में चिकित्सक आते हैं। अधिकांश अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के डॉक्टर अनुपस्थित पाए जाते हैं। बीएचएम ओबरा द्वारा बताया गया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, ओबरा के डॉक्टर मनीष चंद्रा एवं डॉक्टर अनुश्री लगातार अनुपस्थित पाए जा रहे हैं। जिला पदाधिकारी द्वारा ऐसे चिकित्सकों की सूची बनाकर स्पष्टीकरण कर अविलंब उनका वेतन बंद करने का निर्देश दिया गया। साथ ही बताया गया कि जिला स्तरीय पदाधिकारियों द्वारा सभी अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण कराया जाएगा।

 

बताया गया कि औरंगाबाद जिले में इंस्टीट्यूशनल डिलीवरी का प्रतिशत 46.8 है जो काफी कम है। इस पर सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी को कार्य योजना तैयार कर इंस्टीट्यूशनल डिलीवरी में अपेक्षित प्रगति लाने का निर्देश दिया गया। इस संबंध में सभी आशा कार्यकर्ता से पिछले 6 महीने की इंस्टीट्यूटिनल डिलीवरी रिपोर्ट एवं ट्यूबेक्टमी रिपोर्ट बीसीएम के माध्यम से 1 सप्ताह के अंदर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। साथ ही इंस्टीट्यूटिनल डिलीवरी के मामले में लापरवाही बरतने वाले आशा कार्यकर्ताओं पर अविलंब अनुशासनिक कार्रवाई करने का निर्देश सिविल सर्जन को दिया गया।

 

औरंगाबाद जिले में अवैध क्लीनिक के संचालन की खबरों के मद्देनजर जिला पदाधिकारी द्वारा चिकित्सकों एवं जिला स्तरीय पदाधिकारियों की टीम बनाकर जांच कराने का निर्देश सिविल सर्जन को दिया गया। कम्युनिकेबल डिजीज ऑफिसर द्वारा बताया कि इस जिले में आज तक 2.24 लाख आरटी पीसीआर कोविड टेस्ट कराए जा चुके हैं परंतु इन दिनों सैंपल कलेक्शन में काफी कमी आई है। इस संबंध में सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी को rt-pcr सैंपल संग्रहण में वृद्धि लाने का निर्देश दिया गया।

 

सिविल सर्जन द्वारा बताया गया कि ओबरा प्रखंड के बेल में 135 लाख रुपए की लागत से एक अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण 15 वित्त आयोग के आवंटन से कराया जाएगा। साथ ही 15 वे वित्त से 3 ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट भी निर्माण कराए जाएंगे जिनके लिए जगह का चयन किया जा रहा है।इस बैठक में उप विकास आयुक्त मंजू प्रसाद, सिविल सर्जन डॉ कुमार वीरेंद्र प्रसाद, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉ किशोर प्रसाद, डीपीएम स्वास्थ्य मनोज कुमार, वरीय उप समाहर्ता कृष्णा कुमार, केयर प्रबंधक उर्वशी प्रजापति, सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, बीएचएम एवं अन्य चिकित्सक उपस्थित रहे।

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