विविध

लोक आस्था का महा पर्व छठ नहाय खाय के साथ आज से शुरू, अर्घ्य देने देव में जुटेंगे लाखों श्रद्धालु, जिला प्रशासन की सभी तैयारियां पूरी

श्रद्धालुओं व छठ व्रतियों के हर सुविधाओं को रखा जाएगा ख्याल, देव में 10 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की पहुँचने की उम्मीद

औरंगाबाद, कपिल कुमार

विभिन्न सड़कों पर 50 से अधिक लगाए गए हैं ड्रॉप गेट, सूर्य मंदिर से 1-2 किलोमीटर दूर ही रुकेंगे बड़े वाहन


सूर्य कुंड तालाब, सूर्य मंदिर व छठ व्रतियों के आवासन तक पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन की ओर से है निशुल्क ऑटो की है व्यवस्था

चप्पे-चप्पे पर तैनात रहेंगे पुरुष-महिला पुलिस के जवान, पदाधिकारी भी करते रहेंगे निगरानी, हर गतिविधियों को कंट्रोल रूम पर दिया जाएगा जानकारी

 

भीड़ नियंत्रण को लेकर सुरक्षाबलों के साथ साथ समाज सेवी संस्था, स्काउट गाइड व एनसीसी के भी बच्चे संभालेंगे मोर्चा

 

आस्था का महापर्व छठ आज से नहाय खाय के साथ शुरू हो गई। जिला प्रशासन भगवान भास्कर की नगरी देव समेत अन्य जगहों की पूरी तैयारी कर ली है। भगवान भास्कर की नगरी देव में इस लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ लगने की उम्मीद है।इसको लेकर पूरी तरह से जिला प्रशासन अलर्ट हो चुकी है। पदाधिकारी विभिन्न गतिविधियों का जायजा ले रहे हैं। इस चार दिवसीय लगने वाले इस छठ महापर्व को लेकर घरों में छठी मैया के गीत गूंजने लगी है। सभी पूजा पाठ की तैयारी में जुट चुके हैं। शुक्रवार यानी आज से ही नहाए खाए के साथ छठ महापर्व प्रारंभ हो गया। अगले दिन शनिवार को खड़ना रविवार को डूबते हुए भगवान सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। सोमवार की सुबह उगते हुए भगवान सूर्य की अर्घ्य देते हुए आस्था का महान छठ पर्व संपन्न हो जाएगा। शुक्रवार को विभिन्न तालाबों, नदियो, आहर पोखर में भी श्रद्धालु डुबकी लगाने पहुंचे। आज से ही तमाम श्रद्धालु छठ महापर्व की तैयारी में जुट जाएंगे और 4 दिनों तक चलने वाली इस महापर्व को लेकर पूरी आस्था और विश्वास के साथ छठी मैया के पूजन में जुटेंगे।

देव छठ में पहुँचने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को लेकर जिला पदाधिकारी सौरभ जोरवाल का निर्देश


देव छठ महापर्व तैयारी को लेकर जिला पदाधिकारी सौरव जोरवाल ने कहा कि भगवान भास्कर की नगरी देव में लाखों की संख्या में लगने वाली श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए तमाम व्यवस्था की गई है। सुरक्षाबलों के साथ साथ मजिस्ट्रेट के रूप में पदाधिकारी भी भीड़ को नियंत्रित करने व विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा में लगे रहेंगे। श्रद्धालुओं व छठ व्रतियों को किसी तरह का कोई परेशानी ना हो इसे ध्यान में रखते हुए हर सुविधाएं उपलब्ध कराई गई है। दूरदराज से पहुंचने वाले श्रद्धालुओं के लिए बैरेकेटिंग के अंदर निशुल्क ऑटो की व्यवस्था की गई है। बिजली, पानी, वाहन के साथ साथ रहने के लिए आवासन की व्यवस्था की गई है। महान छठ पर्व को बिल्कुल शांति पूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन कटिबद्ध है।

देव में श्रद्धालुओं की आगमन शुरू, पढ़िए सुविधाओं पर क्या बोले एसडीओ श्री विजयंत


देव में छठ पर्व के दौरान लाखों की संख्या में लगने वाले भीड़ को नियंत्रण करने के लिए सदर एसडीओ विजयंत पिछले सप्ताह से ही तैयारी में जुटे हुए हैं। हर गतिविधियों का जायजा ले रहे हैं। जहां भी जो कमी नजर आ रही है, वह पूरा कर रहे हैं। एसडीओ ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी श्रद्धालुओं के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। दूरदराज से आने वाले श्रद्धालुओं के वाहन मेला परिक्षेत्र में नहीं आएंगे। लगभग 2 किलोमीटर दूर ही बड़े वाहन चिन्हित पार्किंग में खड़े होंगे। श्रद्धालुओं की आवासन तक जाने के लिए निशुल्क ऑटो की व्यवस्था की गई है। जिसके माध्यम से अपने चिन्हित मेला परिक्षेत्र में पहुंचेंगे, जहां ठहरने की व्यवस्था है। इस बार श्रद्धालुओं के लिए अतिरिक्त व्यवस्था भी की गई है। जैसे अस्थायी शौचालय, लाइट, टेंट के साथ साथ मेडिकल टीम व अग्नि सुरक्षा से सबंधित टीम तैनात रहेंगे। उन्होंने बताया कि यह सुप्रसिद्ध बड़ा मेला है। यहां देश के कोने कोने से 10 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की आने की संभावना है। इस बार श्रद्धालुओं के ठहरने वाली जगहों पर कुछ जगह पानी जमा है इसके लिए अतिरिक्त जगहों का चयन कर ठहरने की व्यवस्था की गई है।

सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अलर्ट, क्या है विशेष सुरक्षा व्यवस्था, एसडीपीओ, स्वीटी सेहरावत की पढ़े निर्देश

सदर एसडीपीओ स्वीटी सेहरावत ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी विभिन्न पुलिस बलों के सुरक्षा कर्मी तैनात रहे। देव अति नक्सल प्रभावित क्षेत्र इलाके में आता है इसको लेकर भी विशेष सुरक्षा बलों की व्यवस्था है सभी चौक चौराहों पर वह चिन्हित स्थलों पर सुरक्षा बल के जवान तैनात रहेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

इसे भी पढ़ें

Back to top button

You cannot copy content of this page